हर बार विवादों में फसे Rahul Gandhi की मुश्किले एक बार और बढ़ती हुई नजर आ रही है। राहुल गांधी की संसद सदस्यता भंग होने के बाद वह बुधवार को पहली बार संसद पहुंचे। वे यहां कांग्रेस सांसदों की बैठक में शामिल होने आए थे। यहां आधा घंटा रुकने के बाद Rahul G...

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कांग्रेस नेता और पार्टी के पूर्व अध्यक्ष Rahul Gandhi सवालों के नए घेरे में आ गए है। आपको बता दें कि दरअसल 2019 में एक कार्यक्रम में राहुल गांधी ने अपने भाषण में कहा कि सभी चोरों का नाम 'मोदी' ही क्यों होता है।
इस विवाद पर भारतीय जनता पार्टी के नेता पूर्णेश मोदी ने Rahul Gandhi के खिलाफ मानहानि का केस दर्ज कर दिया।
बुधवार को संसद के 12वें दिन की कार्यवाही 3 अप्रैल तक के लिए स्थगित कर दी गई। लोकसभा में कांग्रेस सांसदों ने स्पीकर के सामने 'सेव डेमोक्रेसी' के पोस्टर दिखाए और काले कपड़े लहराए।
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राहुल की सदस्यता जाने के बाद कांग्रेस के सांसदों को बड़ा धक्का लगा है इसलिए वे आज भी काले कपड़े पहनकर संसद पहुंचे थे।
वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस की बैठक में शामिल होने के लिए Rahul Gandhi सफेद टीशर्ट में आए थे।
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ऐसे लोगों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। JPC का गठन नहीं किया जा रहा है, तो बड़ा सवाल यह है कि क्या PM ने भ्रष्ट लोगों के साथ हाथ मिला लिया है?
इसके बाद खड़गे ने कहा कि कर्नाटक में 40% की सरकार है, जिसमें भाजपा ने इसमें महारत हासिल की है। उन विधायकों के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया गया जिनके पास से 8-10 करोड़ रुपए बरामद किए गए।
यहां अगर विपक्ष के किसी नेता के घर से पैसा मिल जाए तो भाजपा उसे बड़ा मुद्दा बना देती है। भाजपा ED को बुला लेती है।
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Rahul Gandhi की सदस्यता जाने की वजह वे खुद है।उन्होंने कहा कि घमंड के चलते राहुल की सदस्यता गई।
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को कहा कि Rahul Gandhi अपने घमंड की वजह से डिस्क्वालिफाई हुए हैं। उन्हें लगता है कि वे एक खास परिवार से हैं तो वे इस देश पर राज करेगें। इसी वजह से उनके दिमाग में ऐसे गलत ख्याल आते हैं।
मंगलवार को दोनों सदनों में हंगामे की वजह से संसद की कार्यवाही नहीं हो पाई थी। सुबह 11 बजे सत्र शुरू होते ही अडाणी और राहुल के मुद्दे पर विपक्ष ने सदन में जमकर हंगामा किया।
इन सबके चलते सत्र शुरू होने से पहले मंगलवार सुबह दो बैठकें हुईं। पहली- भाजपा संसदीय दल की और दूसरी- कांग्रेस के साथ 16 विपक्षी दलों की।
भाजपा सांसदों की बैठक सुबह 10 बजे शुरू हुई। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, जेपी नड्डा, अमित शाह समेत लोकसभा और राज्यसभा के सभी सांसद मौजूद थे।
बैठक में नॉर्थ-ईस्ट के राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत पर प्रधानमंत्री को सम्मानित किया गया।
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इस मौके पर प्रधानमंत्री का भाषण हुआ। PM ने सांसदों से कहा- जैसे-जैसे पार्टी आगे बढ़ेगी, विपक्ष के हमले और तेज होते रहेंगे लेकिन बावजूद इसके विपक्षी दल भाजपा का कुछ नही बिगाड़ सकती है। भाजपा का लक्ष्य खुद का विकास करना नही है, बल्कि भाजपा की नजर हमेशा देश के प्रगति की ओर होती है।
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