दिल्ली। मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) के वकील का कहना है कि जितनी भी धाराएं उनके क्लाइंट पर लगाई गई हैं, उनमें 7 साल तक की सजा का प्रावधान है। मनीष (Manish Sisodia) के वकील ने कहा कि ये गिरफ्तारी न सिर्फ मेरे क्लाइंट के विरूध्द असॉल्ट है बल्कि एक संस्...
दिल्ली। मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) के वकील का कहना है कि जितनी भी धाराएं उनके क्लाइंट पर लगाई गई हैं, उनमें 7 साल तक की सजा का प्रावधान है।
मनीष (Manish Sisodia) के वकील ने कहा कि ये गिरफ्तारी न सिर्फ मेरे क्लाइंट के विरूध्द असॉल्ट है बल्कि एक संस्था के खिलाफ भी है। उन्होंने कहा कि जो भी शराब नीति में प्रॉफिट के संबंध में 5 से 12 फीसदी के जो बदलाव किए गए वो नोट का हिस्सा था।
इसे एलजी को भेजा गया था, जिसमें एलजी द्वारा तब कोई बदलाव का सुझाव नहीं दिया गया था। शराब नीति को सिसोदिया (Manish Sisodia) ने सार्वजनिक डोमेन में रखा था, पारदर्शिता रखी गई। उपराज्यपाल के कार्यालय में पहुंचने पर ही इसे अमलीजामा पहनाया गया।
वकील ने नियमों का दिया हवाला
मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) के वकील ने आगे बताया कि, पुलिस को डिप्टी सीएम को गिरफ्तार करते वक्त इसकी वजह बतानी चाहिए थी। अगर CRPC की धारा 41 का पालन नहीं किया जाता है, तो ऐसे में बेल मिलनी ही चाहिए।
[caption id="attachment_24677" align="alignnone" width="1024"]

Credit Google[/caption]
मनीष के वकील ने कहा कि जांच अधिकारी को सिसोदिया (Manish Sisodia) को गिरफ्तार करने से पहले यह सोचना चाहिए की इसका मकसद क्या है और इससे क्या हासिल होगा? गिरफ्तार करने की शक्तियों का उपयोग विवेकपूर्ण होना चाहिए।
राउज एवेंन्यू के बाहर पुलिस दल
आबकारी नीति से जुड़े भ्रष्टाचार के एक मामले में CBI ने मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) को रविवार को गिरफ्तार किया था। राउज एवेन्यू अदालत परिसर के अंदर औ रबाहर भारी तादात में सुरक्षा कर्मियों को तैनात किया गया था।
[caption id="attachment_24676" align="alignnone" width="1200"]

Credit Google[/caption]
सीबीआई ने अदालत को बताया कि गिरफ्तार किए गए दिल्ली के उपमुख्यमंत्री ने दावा किया कि आबकारी नीति मामले में उनकी कोई भूमिका नहीं है, लेकिन जांच से पता चलता है कि उन्होंने व्यक्तिगत तौर पर फैसला किया।
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CBI की हिरासत में Manish Sisodia
सीबीआई ने अदालत से कहा कि पूछताछ के लिए उसे मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) की हिरासत की जरूरत है। वहीं, सिसोदिया के वकील ने उन्हें हिरासत में देने की सीबीआई के अनुरोध का विरोध भी किया।

उन्होंने अदालत में दलील दी कि उनके मुवक्किल के खिलाफ कोई सबूत नहीं हैं। सीबीआई ने 2021-22 की आबकारी नीति (अब रद्द हो चुकी है) को लागू करने में कथित तौर पर करप्शन के चलते रविवार शाम के वक्त मनीष सिसोदिया को अरेस्ट किया गया था।
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मनीष (Manish Sisodia) के वकील ने कहा कि ये गिरफ्तारी न सिर्फ मेरे क्लाइंट के विरूध्द असॉल्ट है बल्कि एक संस्था के खिलाफ भी है। उन्होंने कहा कि जो भी शराब नीति में प्रॉफिट के संबंध में 5 से 12 फीसदी के जो बदलाव किए गए वो नोट का हिस्सा था।
इसे एलजी को भेजा गया था, जिसमें एलजी द्वारा तब कोई बदलाव का सुझाव नहीं दिया गया था। शराब नीति को सिसोदिया (Manish Sisodia) ने सार्वजनिक डोमेन में रखा था, पारदर्शिता रखी गई। उपराज्यपाल के कार्यालय में पहुंचने पर ही इसे अमलीजामा पहनाया गया।
वकील ने नियमों का दिया हवाला
मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) के वकील ने आगे बताया कि, पुलिस को डिप्टी सीएम को गिरफ्तार करते वक्त इसकी वजह बतानी चाहिए थी। अगर CRPC की धारा 41 का पालन नहीं किया जाता है, तो ऐसे में बेल मिलनी ही चाहिए।
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मनीष के वकील ने कहा कि जांच अधिकारी को सिसोदिया (Manish Sisodia) को गिरफ्तार करने से पहले यह सोचना चाहिए की इसका मकसद क्या है और इससे क्या हासिल होगा? गिरफ्तार करने की शक्तियों का उपयोग विवेकपूर्ण होना चाहिए।
राउज एवेंन्यू के बाहर पुलिस दल
आबकारी नीति से जुड़े भ्रष्टाचार के एक मामले में CBI ने मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) को रविवार को गिरफ्तार किया था। राउज एवेन्यू अदालत परिसर के अंदर औ रबाहर भारी तादात में सुरक्षा कर्मियों को तैनात किया गया था।
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सीबीआई ने अदालत को बताया कि गिरफ्तार किए गए दिल्ली के उपमुख्यमंत्री ने दावा किया कि आबकारी नीति मामले में उनकी कोई भूमिका नहीं है, लेकिन जांच से पता चलता है कि उन्होंने व्यक्तिगत तौर पर फैसला किया।
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CBI की हिरासत में Manish Sisodia
सीबीआई ने अदालत से कहा कि पूछताछ के लिए उसे मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) की हिरासत की जरूरत है। वहीं, सिसोदिया के वकील ने उन्हें हिरासत में देने की सीबीआई के अनुरोध का विरोध भी किया।

उन्होंने अदालत में दलील दी कि उनके मुवक्किल के खिलाफ कोई सबूत नहीं हैं। सीबीआई ने 2021-22 की आबकारी नीति (अब रद्द हो चुकी है) को लागू करने में कथित तौर पर करप्शन के चलते रविवार शाम के वक्त मनीष सिसोदिया को अरेस्ट किया गया था।
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