मध्य प्रदेश के भोपाल से हत्या का एक बेहद गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित एक वीडियो देखकर कुछ युवकों ने 1.20 करोड़ रुपये में अंडकोष बेचने की कथित योजना बनाई और इसी साजिश के तहत 14 वर्षीय रेहान की हत्या कर दी।

1.20 करोड़ में अंडकोष बेचने की साजिश, 14 वर्षीय रेहान की हत्या
मध्य प्रदेश के भोपाल से हत्या का एक बेहद गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित एक वीडियो देखकर कुछ युवकों ने 1.20 करोड़ रुपये में अंडकोष बेचने की कथित योजना बनाई और इसी साजिश के तहत 14 वर्षीय रेहान की हत्या कर दी।
मामले में तीन नाबालिग समेत पांच आरोपितों को पुलिस ने पकड़ लिया है। आरोप है कि युवकों ने रेहान को 100 रुपये देने का लालच देकर सुनसान जगह बुलाया। वहां उस पर चाकू से हमला किया गया और हत्या के बाद शव छोटे तालाब में फेंक दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, आरोपितों ने इसके बाद शरीर से अंडकोष निकालकर कथित खरीदार तलाशने की कोशिश की। तीन दिनों तक सौदा नहीं होने के बाद उन्होंने इसे भी तालाब में फेंक दिया।
पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि इस वारदात का कथित मास्टरमाइंड तलैया इलाके में रहने वाला BBA छात्र जोहेब खान है।
पुलिस के अनुसार, जोहेब ने Instagram पर एक वीडियो देखा था, जिसमें किसी व्यक्ति को बेहोश कर उसके अंडकोष निकालने और उन्हें 1.20 करोड़ रुपये तक में बेचने का दावा किया गया था। रिपोर्ट के मुताबिक, यह वीडियो पाकिस्तान से जुड़ा बताया जा रहा है।
इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस की जांच में सामने आई जानकारी के अनुसार, इसी वीडियो से प्रभावित होकर जोहेब ने अपने 18 वर्षीय दोस्त आमिर कुरैशी को इसके बारे में बताया।
इसके बाद कथित तौर पर तीन नाबालिगों को भी योजना में शामिल किया गया।
जांच में पुलिस को पता चला कि आरोपित कथित तौर पर सड़कों पर सामान बेचने वाले या बेसहारा बच्चों को निशाना बनाने की योजना बना रहे थे।
पुलिस के मुताबिक, जोहेब नाबालिगों के सामने डॉक्टर बनकर जाता था। इसी दौरान कथित तौर पर बच्चों को फंसाने और सुनसान स्थान पर ले जाने की योजना तैयार की गई।
इसी साजिश के तहत 14 वर्षीय रेहान को 100 रुपये देने का लालच देकर बुलाया गया।
पुलिस के अनुसार, 10 अगस्त को छोटे तालाब में एक बालक का शव उतराता हुआ दिखाई दिया था। शरीर पर चोट के निशान मिलने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
इसी बीच रेहान की मां ने तलैया थाने में उसके लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने परिवार को शव मिलने की जानकारी दी।
शव की हालत खराब होने के बावजूद पुलिस उसकी पहचान करने में सफल रही। शरीर पर बने ‘शंकर’ नाम के टैटू से मृतक की पहचान रेहान के रूप में हुई।
इसके बाद पुलिस ने आसपास के इलाकों में पूछताछ शुरू की और संदिग्धों की जानकारी जुटाई। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस कथित आरोपितों तक पहुंची।
पुलिस की जांच के मुताबिक, हत्या के बाद आरोपितों ने शरीर से अंडकोष निकालकर कथित तौर पर उसे बेचने के लिए खरीदार तलाशने की कोशिश की।
बताया गया है कि करीब तीन दिनों तक कोई सौदा नहीं हो सका। इसके बाद आरोपितों ने अंडकोष को भी तालाब में फेंक दिया।
हालांकि, इस कथित अंग-व्यापार के लिए किसी वास्तविक खरीदार की मौजूदगी या 1.20 करोड़ रुपये की कीमत तय होने की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। यह जानकारी पुलिस पूछताछ में सामने आए दावों पर आधारित है।
पुलिस की जांच में एक और गंभीर घटना सामने आई है। पुलिस के अनुसार, नाबालिग आरोपितों में से एक ने 3 अगस्त को अपने ही दोस्त को इसी तरह निशाना बनाने की कोशिश की थी।
आरोप है कि उसे सुनसान जगह ले जाकर जमीन पर गिराया गया और गला दबाने की कोशिश की गई। इसके बाद चाकू से हमला कर हत्या करने की तैयारी की गई।
हालांकि, वह युवक किसी तरह आरोपितों के चंगुल से निकलकर भागने में सफल रहा।
डर के कारण उसने तत्काल पुलिस से संपर्क नहीं किया था। रेहान की हत्या का मामला सामने आने के बाद वह थाने पहुंचा और अपनी शिकायत दर्ज कराई।
इस मामले ने सोशल मीडिया पर प्रसारित भ्रामक और खतरनाक दावों को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
किसी वीडियो में किए गए दावे को बिना सत्यापन के वास्तविक मान लेना कितना खतरनाक हो सकता है, इस घटना से इसका गंभीर उदाहरण सामने आता है। खासतौर पर मानव अंगों की कथित खरीद-बिक्री से जुड़े सनसनीखेज दावों को लेकर लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
इस मामले में पुलिस की जांच यह पता लगाने पर भी केंद्रित हो सकती है कि आरोपितों ने वीडियो कहां से देखा और उसमें किए गए दावों को उन्होंने किस आधार पर सच माना।
पुलिस ने मामले में तीन नाबालिगों समेत कुल पांच आरोपितों को पकड़ लिया है। पुलिस पूछताछ में हत्या और कथित साजिश से जुड़े कई तथ्य सामने आने की बात कही गई है।
मामले की जांच जारी है और आरोपितों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
पुलिस के अनुसार, आरोपितों ने इंटरनेट मीडिया पर देखे गए एक वीडियो से प्रभावित होकर कथित तौर पर मानव शरीर के अंग को बेचकर बड़ी रकम कमाने की योजना बनाई थी। इसी कथित योजना के तहत रेहान को निशाना बनाया गया।
पुलिस के मुताबिक, रेहान को 100 रुपये देने का लालच देकर सुनसान स्थान पर बुलाया गया था। वहां उस पर हमला किया गया और उसकी हत्या कर दी गई।
पुलिस ने तीन नाबालिगों समेत कुल पांच आरोपितों को पकड़े जाने की जानकारी दी है।
शव की स्थिति खराब होने के बावजूद शरीर पर बने ‘शंकर’ नाम के टैटू की मदद से रेहान की पहचान की गई।
1.20 करोड़ रुपये में अंडकोष बेचने का दावा आरोपितों द्वारा देखे गए सोशल मीडिया वीडियो और पुलिस पूछताछ में सामने आई जानकारी से जुड़ा है। किसी वास्तविक खरीदार या इस कीमत पर वास्तविक सौदे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।