एमपी में फरवरी में तीसरी बार बदला मौसम, 8 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी
- किसानों के चेहरों पर चिंता
भोपाल। Rain in MP: फरवरी की फुहारों (February showers) ने एक बार फिर मप्र को भिगो दिया है। मध्य प्रदेश में इस फरवरी तीसरी बार मौसम ने करवट बदली हे। बुधवार को कहीं बारिश (Rain in MP) हुई तो कहीं ओले गिरे। ऐसा ही मौसम गुरुवार को भी सुबह ले बना है। भोपाल में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हुई। इसे के साथ सर्दी ने एक बार फिर दस्तक दे दी है
मौसम विभाग ने ग्वालियर समेत 8 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। गुरुवार को जिन जिलों में बारिश और गरज-चमक का अलर्ट है, उनमें ग्वालियर, भिंड, शिवपुरी, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और पन्ना शामिल हैं। इससे पहले बुधवार को रतलाम, श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, मंदसौर, नीमच, गुना, ग्वालियर, भिंड, दतिया समेत 20 से ज्यादा जिलों में कहीं बारिश तो कहीं ओले गिरे। भोपाल में दिन में धूप खिली रही, लेकिन शाम को बादल छा गए।
Read Also- मध्य प्रदेश बजट में किसानों की बल्ले-बल्ले, सरकार ने की 6 योजनाओं की घोषणा
अगले 2 दिन ऐसा रहेगा मौसम, 8 जिलों में बारिश का अलर्ट
- 20 फरवरी- ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग के 8 जिलों में बारिश का अलर्ट है। बिजली भी गिर सकती है।
- 21 फरवरी- मौसम साफ रहेगा। फिलहाल, कहीं भी बारिश का अलर्ट नहीं है।

गंजबासौदा के ग्रामीण इलाकों में रिमझिम बारिश, खेतों में भीगी फसल
गंजबासौदा नगर के आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में गुरुवार सुबह करीब 5 बजे से रिमझिम बारिश का दौर शुरू हो गया, जो चार घंटे से अधिक समय तक जारी रहा। लगातार हो रही हल्की बारिश के चलते खेतों में पककर तैयार खड़ी फसलें भीग गई हैं, जिसका असर अब साफ दिखाई देने लगा है।
किसानों के चेहरों पर चिंता साफ झलक रही है। उनका कहना है कि फसल कटाई के लिए तैयार थी, लेकिन इस असमय बारिश ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं। यदि बारिश का सिलसिला एक-दो दिन और इसी तरह जारी रहा तो खेतों में भीगी फसल समय पर सूख नहीं पाएगी, जिससे गुणवत्ता और उत्पादन दोनों पर असर पड़ सकता है। ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों में पानी जमा होने की स्थिति भी बन रही है। किसानों ने मौसम साफ होने की उम्मीद जताई है, ताकि फसल को नुकसान से बचाया जा सके।
इंदौर में कहीं-कहीं हल्की बारिश, आज धूप निकली
इंदौर में बुधवार को दिनभर मौसम गर्म रहा और तापमान 31 डिग्री सेल्सियस से अधिक दर्ज किया गया। दिन के समय ठंड का असर बिल्कुल महसूस नहीं हुआ। हालांकि रात करीब 12 बजे अचानक मौसम ने करवट ली और शहर के कुछ इलाकों में हल्की बारिश हुई।
बारिश के बाद गुरुवार सुबह से ही मौसम काफी ठंडा हो गया। शहर में ठंडी हवाएं चलने लगीं, जिससे लोगों को फिर से हल्की सर्दी का एहसास होने लगा।
आसमान में बादलों का डेरा बना हुआ है और बीच-बीच में हल्की धूप भी निकल रही है। मौसम के इस बदलाव से जहां दिन की गर्मी से राहत मिली है, वहीं सुबह-शाम ठंडक बढ़ने से लोगों ने हल्के गर्म कपड़े भी निकाल लिए हैं।
ग्वालियर में बारिश के बाद गिरा तापमान
ग्वालियर में मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। सर्दी को विदा मान चुके लोग एक बार फिर गर्म कपड़ों में नजर आने लगे हैं। बुधवार रात हुई बारिश के बाद दिन और रात के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। सुबह के समय लोग पार्कों में टहलने तो निकले, लेकिन ठंडी हवा और बढ़ी ठंडक ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया।
छतरपुर में पारा 9.2℃, बादल-कोहरे के बीच बूंदाबांदी के आसार
छतरपुर में बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात न्यूनतम तापमान 9.2℃ दर्ज किया गया। बुधवार को यह 9.8℃ था, यानी 0.6℃ की गिरावट आई। सुबह से आसमान में बादल और कोहरा छाया है, सूरज नहीं निकला तथा हल्की बूंदाबांदी के संकेत हैं।
बुधवार को अधिकतम तापमान 29.4℃ रहा, जबकि गुरुवार को बादल रहने से यह 26-27℃ तक रहने की संभावना है। सुबह 8:30 बजे तापमान 18℃ दर्ज किया गया। नमी 82% और विजिबिलिटी 500 से 1500 मीटर रही।
मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से दिल्ली-ग्वालियर बेल्ट से बुंदेलखंड तक बादल पहुंचे हैं। अगले दो दिन मौसम में उतार-चढ़ाव रहेगा, इसके बाद तापमान में बढ़ोतरी और ठंड में कमी आएगी।
बड़वाह में तेज चमक के साथ बारिश
बड़वाह में बीती रात तेज बिजली की चमक के साथ बारिश हुई। अचानक बदले मौसम से ठंडक बढ़ गई और लोगों को रात में सर्द हवाओं का एहसास हुआ।
आगर मालवा में मावठे की बारिश, ठंड बढ़ी और फसलों पर संकट
आगर मालवा में तीन दिनों से आसमान में बादलों का डेरा है। बुधवार रात करीब साढ़े दस बजे जिला मुख्यालय पर मावठे की बारिश शुरू हुई, जो आधे घंटे तक रुक-रुक कर जारी रही। इससे पहले मंगलवार रात भी हल्की बूंदाबांदी हुई थी।
बारिश और तेज हवा से जनजीवन प्रभावित हुआ। सड़कों पर फिसलन के कारण वाहनों की रफ्तार धीमी रही, वहीं बादलों की गड़गड़ाहट और बिजली चमकने से लोग घरों में ही रहे। न्यूनतम तापमान 16 और अधिकतम 26 डिग्री दर्ज किया गया, जिससे ठंडक बढ़ गई। गुरुवार सुबह से तेज ठंडी हवाएं चल रही हैं, बादल छाए हुए हैं। खेतों में पक चुकी गेहूं, चना और सरसों की फसलों को नुकसान की आशंका से किसानों की चिंता बढ़ गई है। अब सभी की नजर साफ मौसम पर टिकी है।
Read Also – वित्त मंत्री देवड़ा बोले- बजट में महिला, युवा-किसान और गरीब पर किया फोकस, विपक्ष ने नाकारा
मुरैना में रिमझिम बारिश
मुरैना में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। बुधवार रात रुक-रुककर हुई बारिश से सर्दी दोबारा लौट आई और तापमान में गिरावट दर्ज की गई।
भिंड के आलमपुर में देर रात रिमझिम बारिश, लौटी ठंड
भिंड के आलमपुर में देर रात हुई रिमझिम बारिश के बाद मौसम खुशनुमा हो गया। पिछले सात-आठ दिनों से तेज धूप के कारण गर्मी का एहसास बढ़ गया था, लेकिन बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। रात से चल रही तेज सर्द हवाओं ने एक बार फिर ठंड का एहसास करा दिया।
शिवपुरी में रुक-रुककर बारिश, सड़कों पर भरा पानी
शिवपुरी में रात के दौरान रुक-रुककर हल्की बारिश होती रही। लगातार फुहारों से सड़कों पर पानी भर गया, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

