Hardeep Singh Puri ने मध्य प्रदेश राज्यसभा उपचुनाव के लिए भोपाल में नामांकन दाखिल किया। CM मोहन यादव और BJP प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल रहे मौजूद।

MP Rajya Sabha Election 2026: मध्य प्रदेश में राज्यसभा उपचुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। शनिवार को केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने भोपाल में राज्यसभा सीट के लिए अपना नामांकन दाखिल कर दिया। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और प्रदेश सरकार के कई वरिष्ठ मंत्री मौजूद रहे।
हरदीप सिंह पुरी के नामांकन के बाद भाजपा नेताओं ने उनकी जीत का भरोसा जताया है। वहीं, कांग्रेस की ओर से उम्मीदवार उतारने की संभावना के बीच इस चुनाव पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। विधानसभा में भाजपा के मजबूत बहुमत को देखते हुए पुरी का निर्विरोध निर्वाचन होने की संभावना भी जताई जा रही है।
केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी शनिवार को भोपाल स्थित विधानसभा परिसर पहुंचे, जहां उन्होंने राज्यसभा उपचुनाव के लिए निर्वाचन अधिकारी के समक्ष अपना नामांकन पत्र जमा किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और राजेंद्र शुक्ला समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
इसके अलावा कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, प्रहलाद पटेल, सांसद वी.डी. शर्मा और भाजपा के कई विधायक भी नामांकन प्रक्रिया में शामिल हुए।
हरदीप सिंह पुरी के नामांकन के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि पुरी का मध्य प्रदेश से नामांकन दाखिल करना प्रदेश के लिए सौभाग्य की बात है।
मुख्यमंत्री ने इसे दिवाली से पहले मिला उपहार बताते हुए उम्मीद जताई कि हरदीप सिंह पुरी के निर्वाचन का फायदा केवल केंद्र सरकार को ही नहीं, बल्कि मध्य प्रदेश सरकार को भी मिलेगा।
सीएम मोहन यादव के इस बयान के बाद भाजपा नेताओं ने भी पुरी की उम्मीदवारी का स्वागत किया।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने हरदीप सिंह पुरी का स्वागत करते हुए कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में नामांकन दाखिल किया है।
उन्होंने यह भी कहा कि केंद्रीय मंत्री रहते हुए हरदीप पुरी ने मध्य प्रदेश को कई सौगातें दी हैं। पार्टी को उम्मीद है कि उनके अनुभव का लाभ आगे भी प्रदेश को मिलेगा।
मध्य प्रदेश की खाली हुई राज्यसभा सीट के लिए भाजपा ने हरदीप सिंह पुरी को अपना उम्मीदवार बनाया है। विधानसभा में भाजपा के मजबूत बहुमत को देखते हुए उनकी जीत की संभावना काफी मजबूत मानी जा रही है।
हालांकि, कांग्रेस की ओर से भी उम्मीदवार उतारने की चर्चा है। ऐसे में चुनाव निर्विरोध होगा या मतदान की नौबत आएगी, यह नामांकन प्रक्रिया पूरी होने और उम्मीदवारों की अंतिम स्थिति स्पष्ट होने के बाद ही तय होगा।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, राज्यसभा उपचुनाव के लिए 12 नवंबर को मतदान निर्धारित है।
मध्य प्रदेश की राज्यसभा सीट के उपचुनाव में तेलंगाना के कंटे सायन्ना भी नामांकन पत्र दाखिल करने विधानसभा पहुंचे।
उनकी उम्मीदवारी के बाद चुनावी प्रक्रिया को लेकर चर्चा और तेज हो गई है। अब सभी की नजरें उम्मीदवारों की अंतिम सूची और आगे की चुनावी प्रक्रिया पर रहेंगी।
हरदीप सिंह पुरी को मध्य प्रदेश से राज्यसभा उम्मीदवार बनाए जाने पर कांग्रेस ने पहले ही सवाल उठाए थे। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी सहित पार्टी के नेताओं ने भाजपा के फैसले का विरोध किया है।
कांग्रेस की ओर से इस मुद्दे पर राजनीतिक सवाल उठाए गए हैं। वहीं, भाजपा नेताओं ने पुरी के अनुभव और मध्य प्रदेश के लिए उनके योगदान का हवाला देते हुए उनकी उम्मीदवारी का समर्थन किया है।
अब देखना होगा कि कांग्रेस इस उपचुनाव में अपना उम्मीदवार उतारती है या नहीं।
1. हरदीप सिंह पुरी ने मध्य प्रदेश से राज्यसभा के लिए नामांकन कब दाखिल किया?
हरदीप सिंह पुरी ने शनिवार, 31 अक्टूबर 2026 को भोपाल में मध्य प्रदेश की राज्यसभा सीट के उपचुनाव के लिए नामांकन दाखिल किया।
2. हरदीप सिंह पुरी ने कहां नामांकन दाखिल किया?
उन्होंने भोपाल स्थित विधानसभा परिसर में निर्वाचन अधिकारी के समक्ष अपना नामांकन पत्र जमा किया।
3. हरदीप सिंह पुरी के नामांकन के दौरान कौन-कौन मौजूद थे?
इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और राजेंद्र शुक्ला सहित कई मंत्री, सांसद और विधायक मौजूद रहे।
4. मध्य प्रदेश राज्यसभा उपचुनाव के लिए मतदान कब होगा?
उपलब्ध चुनावी जानकारी के अनुसार, मतदान 12 नवंबर 2026 को निर्धारित है।
5. क्या हरदीप सिंह पुरी निर्विरोध राज्यसभा सांसद बनेंगे?
भाजपा के पास विधानसभा में मजबूत बहुमत है, इसलिए उनकी जीत की संभावना मजबूत मानी जा रही है। हालांकि, निर्विरोध निर्वाचन उम्मीदवारों की अंतिम स्थिति पर निर्भर करेगा।
6. हरदीप सिंह पुरी के नामांकन पर CM मोहन यादव ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री ने उनके नामांकन को प्रदेश के लिए सौभाग्य और दिवाली से पहले का उपहार बताया। उन्होंने उम्मीद जताई कि उनके निर्वाचन से मध्य प्रदेश को भी लाभ मिलेगा।