मध्यूप्रदेश के भोपाल शहर में ड्यूटी से घर लौट रहें दो डॉक्टिरस पर पुलिस ने हमला किया, खबरों की माने तों एम्स भोपाल में रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन ने संस्थान के निदेशक को एक पत्र लिखा है, "ड्यूटी पर रहने वाले डॉक्टरों पर पुलिसकर्मियों द्वारा अपमानजनक व्यवहार और शारीरिक हमला"।

मध्यप्रदेश के भोपाल शहर में ड्यूटी से घर लौट रहें दो डॉक्टरस पर पुलिस ने हमला किया, खबरों की माने तों एम्स भोपाल रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन ने संस्थान के निदेशक को एक पत्र लिखा है, इस पत्र में उन्होंने पूरे घटना क्रम को वर्णित किया। एम्स भोपाल में रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के द्वारा लिखे गए इस पत्र में बताया गया कि कैसे डॉक्टर अपनी जान जोखिम में डालकर देश में चल रही इस घातक बीमारी से लड़ रहें वही दूसरी और वह पुलिस से भी सुरक्षित नहीं हैं।
यह समय याद दिलाने का कि इस समय देश जिन मुश्किलों से गुजर है, उनमें डॉक्टर किस प्रकार अपनी जान की परवाह न करते हुए इस बीमारी से देश को बचाने की कोशिश कर रहें हैं। घटना क्रम की बात करें तो डॉक्टरों का कहना है जब वह एम्स हॉस्पिटल के दो डॉक्टर, डॉ. युवराज सिंह और डॉ. रितुप्रानजन जब अपनी जब अपनी ड्यूटी से लौट रहे थे तब पुलिस ने उन पर हमला किया और आई डी दिखाने के बाद भी मारा।
एम्स हॉस्पिटल से अपनी ड्यूटी देकर वापस लौट रहें डॉक्टरस को पुलिस ने रोका और बिना सोचे समझे उन्हें लाठी मारना चालू कर दिया। डॉक्टरस के आई डी दिखाने पर भी पुलिसकर्मी नहीं रूका इस कारण डॉक्टरस को अपना वाहन छोड़कर भागना पड़ा इस बात की खबर उन्होंने जब अपने सीनियर को दी तो एम्स भोपाल में रेजिडेंट ने मध्यप्रदेश सरकार को यह पत्र लिखा जिसे आप नीचे पड़ सकते हैं।


पत्र में 24 घंटे मे कार्यवाही का मांग की गई है। डॉक्टरस का कहना है, कि ऐसा माहौल असुरक्षा की भावना पैदा करता है, इसलिए इस पर जल्द से जल्द कार्यवाही की जानी चाहिए।