कोलकाता। सुवेंदु अधिकारी शनिवार को पश्चिम बंगाल में BJP के पहले मुख्यमंत्री बन गए। सुवेंदु ने बंगाली भाषा में ईश्वर के नाम पर पद और गोपनीयता की शपथ ली। शपथ ग्रहण के बाद सुवेंदु प्रधानमंत्री के पास गए उनके सामने झुके और उन्हें नमन किया। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल R.N. रवि ने सुवेंदु के अलावा पांच अन्य विधायकों को भी मंत्री पद की शपथ दिलाई। इनमें दिलीप घोष, अग्निमित्रा पॉल, अशोक कीर्तनिया, खुदीराम टुडू और निशीथ प्रमाणिक शामिल थे।
शपथ ग्रहण समारोह में PM मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और NDA तथा BJP शासित राज्यों के 20 मुख्यमंत्री शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत में, PM मोदी ने मंच पर रवींद्रनाथ टैगोर की जयंती के अवसर पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस कार्यक्रम के दौरान, प्रधानमंत्री ने BJP के 98 वर्षीय कार्यकर्ता माखनलाल सरकार को सम्मानित किया। मंच पर कदम रखते ही, प्रधानमंत्री सीधे सरकार के पास गए, उन्हें शॉल ओढ़ाया और फिर श्रद्धापूर्वक उनके पैर छुए।
मोदी ने बंगाल की जनता को नमन किया
समारोह के समापन की ओर एक भावुक क्षण आया, जब PM मोदी ने मंच से परेड ग्राउंड में जमा लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने मंच पर ही घुटनों के बल बैठकर जनता को नमन किया। समारोह के समापन की ओर एक भावुक क्षण आया, जब PM मोदी ने मंच से परेड ग्राउंड में जमा लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने मंच पर ही घुटनों के बल बैठकर जनता को नमन किया।

जिन मंत्रियों ने शपथ ली…
दिलीप घोष: वह खड़गपुर सदर विधानसभा क्षेत्र से दूसरी बार विधायक चुने गए हैं। इससे पहले, वह मेदिनीपुर लोकसभा क्षेत्र से सांसद (MP) चुने गए थे। उन्होंने BJP के राष्ट्रीय महासचिव और प्रदेश अध्यक्ष के रूप में भी कार्य किया है। उनके पास इंजीनियरिंग में डिप्लोमा है।
अग्निमित्रा पॉल: अग्निमित्रा पॉल पश्चिम बंगाल में आसनसोल दक्षिण विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाली MLA हैं। वह पहली बार 2021 में इस सीट से MLA चुनी गईं। 2026 में उन्होंने लगातार दूसरी जीत हासिल की। उन्होंने 2022 का आसनसोल लोकसभा उपचुनाव और 2024 का मेदिनीपुर लोकसभा चुनाव भी लड़ा, लेकिन दोनों चुनावों में उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
अशोक कीर्तनिया: 52 वर्षीय अशोक बनगांव उत्तर विधानसभा क्षेत्र से MLA हैं। वह मतुआ समुदाय से आते हैं और एक राजनेता होने के साथ-साथ एक व्यवसायी भी हैं।
खुदीराम टुडू: खुदीराम रानीबांध (ST) विधानसभा क्षेत्र से BJP के MLA हैं। पेशे से वह एक शिक्षक थे। 2026 के विधानसभा चुनावों में उन्होंने TMC उम्मीदवार तनुश्री हांसदा को हराकर जीत हासिल की। टुडू स्नातक हैं और लंबे समय से आदिवासी क्षेत्रों में पार्टी संगठन के साथ सक्रिय रूप से जुड़े रहे हैं।
निशीथ प्रमाणिक: निशीथ माथाभांगा विधानसभा क्षेत्र से MLA हैं। वह पहली बार 2026 में MLA बने। इससे पहले, 2019 में उन्होंने कूच बिहार लोकसभा क्षेत्र से संसद सदस्य (MP) के रूप में कार्य किया था। वह पहले केंद्रीय गृह राज्य मंत्री और युवा मामले और खेल मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में कार्य कर चुके हैं। हालाँकि, 2024 के लोकसभा चुनावों में उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
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सुवेंदु: छात्र राजनीति से CM तक, बचपन से ही आध्यात्मिकता में रुचि
1970 में पूर्वी मेदिनीपुर के कांथी गाँव में जन्मे सुवेंदु का बचपन से ही आध्यात्मिकता और आस्था की ओर झुकाव रहा है। हर शनिवार को रामकृष्ण मिशन जाना उनकी दिनचर्या का एक निश्चित हिस्सा था। बचपन में वह इतने अधिक श्रद्धालु थे कि उनके परिवार वालों को यह डर सताने लगा था कि कहीं वह आगे चलकर सांसारिक मोह-माया त्यागकर संन्यासी न बन जाएँ।
वह घर में जमा हुए सिक्कों को भी चुपके से मिशन में दान कर दिया करते थे। उनके परिवार को हर पल यह आशंका बनी रहती थी कि वह किसी भी क्षण घर छोड़कर जा सकते हैं। लेकिन, सुवेंदु ने एक अलग फ़ैसला किया कि संन्यास नहीं, बल्कि राजनीति करेंगे और उन्होंने यह भी तय किया कि वे शादी भी नहीं करेंगे।
छात्र राजनीति में सुवेंदु का सफ़र 1980 के दशक के आख़िर में कांथी के प्रभात कुमार कॉलेज से शुरू हुआ। धीरे-धीरे, उन्होंने पूर्वी मेदिनीपुर क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान बना ली।

















