दीपिका पादुकोण इमोशनल पोस्ट : बॉलीवुड की चमकती-दमकती दुनिया में जहां सितारे अक्सर खुद को बेहतर दिखाने की कोशिश करते हैं। वहीं दीपिका पादुकोण ने इस बार अपने दिल को खोलकर रख दिया है। आमतौर पर मदरहुड से जुड़ी बातों पर बॉलीवुड की माएँ खुलकर बात नहीं कर पाती। लेकिन दीपिका पादुकोण मां बनने के बाद हर दिन एक नया स्टैंड लिया है। कई फिल्मों को उन्होंने केवल बेटी को समय देने के लिए छोड़ दिया। तो कई बार उन्होंने अपने मातृत्व को प्राथमिकता देते हुए बड़े-बड़े प्रोजेक्ट से मुंह मोड़ लिया।
उन्होंने हाल ही में बॉलीवुड में फूल फ्लेज वापसी की है। हालांकि बेटी से दुआ रहना उन्हें पसंद नहीं आ रहा। इसीलिए उन्होंने सोशल मीडिया पर एक ऐसा पोस्ट शेयर किया है जो इंटरनेट पर खूब वायरल हो रहा है और कई माताएं इस पोस्ट से खुद को रिलेट कर रही हैं। दीपिका पादुकोण ने अपनी हालिया स्टोरी में अपने मन की बात शेयर की है।
उन्होंने लिखा है कि फुल टाइम मदरहुड से ब्रेक तो चाहिए लेकिन बेटी दुआ से दूर होना भी उन्हें अपराधबोध से भर देता है। उनकी पोस्ट से साफ-साफ पता चलता है कि वह अपने आप में ही एक युद्ध लड़ रही हैं। उनकी पोस्ट स्पष्ट रूप से बताती है कि वह ईमानदारी से मॉमगिल्ट को स्वीकार कर रही हैं और इसके बाद लाखों कामकाज़ी माताएं भी अपने-अपने इमोशंस सोशल मीडिया पर शेयर करने लगे हैं।

क्या है दीपिका पादुकोण इमोशनल पोस्ट?
दीपिका पादुकोण ने हाल ही में अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर स्टोरी शेयर की है जिसमें उन्होंने लिखा है कि मातृत्व बहुत ही खूबसूरत अनुभव है। लेकिन इसके साथ कई सारी जिम्मेदारियां भी आती हैं। उन्होंने यह भी स्वीकार किया है कि वह खुद के लिए थोड़ा सा समय चाहती हैं। लेकिन अपनी बेटी से दूर होने का विचार उन्हें अपराधबोध से भर देता है।
दीपिका पादुकोण इमोशनल पोस्ट में कहती हैं कि वह खुद के लिए अलग से टाइम चाहती हैं, थोड़ी शांति भी चाहती हैं। लेकिन वह नहीं चाहती कि उनकी बेटी उनसे थोड़ी देर के लिए भी दूर हो। इस प्रकार वे बताती है कि कैसे मॉमगिल्ट ने उन्हें हिला कर रख दिया है। उनकी यही पोस्ट बताती है कि कैसे स्टारडम के पीछे दीपिका पादुकोण एक संवेदनशील मां का रोल निभा रही हैं?
क्या होता है मॉम गिल्ट फेज ?
मनोवैज्ञानिकों की माने तो ‘मॉम गिल्ट’ वह दौर होता है जब मां को लगता है कि वह अपने बच्चों पर ध्यान नहीं दे पा रही हैं। आमतौर पर कामकाजी माता में यह फेज ज्यादा देखने को मिलता है। क्योंकि कामकाजी माताएं 24 घंटे बच्चों को समय देने के बाद जब अपने काम पर वापस जाती हैं तो वह समझ नहीं पाती कि वह कैसे डील करें?
काम पर ध्यान देती है तो उन्हें लगता है कि बच्चे से नाइंसाफी कर रही हैं। और बच्चे पर ध्यान देती है तो उन्हें खुद के आइडेंटिटी क्राइसिस आने लगते हैं। हाल में दीपिका पादुकोण भी ऐसे ही फेज से जुड़ रही है। जिसमें उन्होंने बताया कि वे फिलहाल बड़े प्रोजेक्ट और ब्रांड कमिटमेंट में व्यस्त तो है लेकिन वह अपनी बेटी दुआ से थोड़ी देर भी दूर नहीं रहना चाहती हैं।
सोशल मीडिया पर दीपिका पादुकोण की इस पोस्ट को मिल रहा फैन्स का भरपूर प्यार
‘मॉम गिल्ट’ वाले दीपिका पादुकोण इमोशनल पोस्ट पर कई सेलिब्रिटीज़ ने समर्थन जताया है। कई सिलेब्रिटीज दीपिका पादुकोण की इस ईमानदार भावना की कद्र कर रही हैं। सोशल मीडिया पर भी इस पोस्ट के स्क्रीनशॉट ‘#मॉम गिल्ट’ से ट्रेंड हो रहे हैं। जिसके बाद कई सारी माताओं भी अपनी-अपनी घटनाएं बताई हैं। कई महिलाओं ने अपने इस फेज के बारे में भी खुलकर बात करनी शुरू कर दी है। इस पोस्ट ने एक ऐसा मुद्दा उठाया है जिस पर आमतौर पर भारत में कम ही बात होती है।
दीपिका पादुकोण का ‘मॉम गिल्ट’ इमोशनल पोस्ट केवल एक सोशल मीडिया अपडेट नहीं है। असल में यह दीपिका पादुकोण के मन की बात तो है ही। साथ ही भारत की आधुनिक कामकाजी माताओं की भी आवाज है। कई माताएं आज इस गिल्ट में जी रही हैं जिसकी वजह से वह मानसिक अवसाद में भी घिर जाती हैं।
असल में इस विषय पर खुलकर बात होनी चाहिए। दीपिका पादुकोण इमोशनल पोस्ट ने मातृत्व से जुड़ी कई सारी बातों पर खुलकर चर्चा शुरू करने में मदद की है। अब देखना यह होगा कि यह संवाद कितने लोगों तक पहुंचता है और इस संवाद से कितनी माताओं को मदद मिलती है।

