आप भी अगर फेसबुक (Facebook), इंस्टाग्राम (Instagram) और व्हाट्स एप (WhatsApp) जैसी सोशल साइट्स (Social Media) का इस्तेमाल करते हैं, तो अब आपको सावधान हो जाने की जरूरत है। क्योंकि जैसे जैसे दुनिया डिजीटल हो रही है। ठग भी डिजीटल (Digital Thug) हो गए हैं और ठगी के डिजीटल तरीके खोज लिए गए हैं। भोपाल में पिछले कई दिनों से इसी तरह के ठग सक्रिय थे। जो महिलाओं की फर्जी फेसबुक आईडी बनाकर लोगों से सेक्सटॉर्शन (Sextartion) करते थे। 

इस दौरान जो भी लोग उनके चंगुल में फंस जाते थे। उनकी कॉल रिकॉर्ड कर उनसे लंबी चौड़ी रकम मांगी जाती थी। पैसे न देने वालों को बदनाम करने का झांसा दिया जाता था। इससे ज्यादातर लोग डर के मारे उन्हें मुंह मांगी रकम दे देते थे। यह गिरोह पिछले कुछ समय में 60 से ज्यादा लोगों से 70 लाख से ज्यादा की ठगी कर चुके थे। लेकिन भोपाल के वरिष्ठ रंगकर्मी, फिल्म कलाकार रेहान आबिद अली काजमी की समझदारी और हिम्मत के कारण पुलिस ने इस मामले से जुड़े तीन ठगों को गिरफ्तार कर लिया।

लड़की नहीं पॉर्न मूवी चलाकर करते थे ब्लैकमेल : 

StackUmbrella को साइबर क्राइम पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार इस मामले में पकड़े गए आरोपियों की पहचान पुरुषोत्तम मीणा निवासी अलवर राजस्थान और यादराम मीणा निवासी अलवर राजस्थान, वसीम पिता हकीमुद्दीन निवासी मेवात हरियाणा के रूप में हुई है। पुलिस की मानें तो तीनों आरोपी एक गिरोह बनाकर पहले तो महिलाओं के नाम से फर्जी फेसबुक आईडी बनाकर लोगों से दोस्ती करते थे।

बाद में वॉट्सऐप नम्बर लेकर उस पर वीडियो कॉल (Video Call) किया जाता था, जैसे ही वो वीडियो कॉल उठाई जाती थी। आरोपी फोन के बैक कैमरे मे पॉर्न मूवी चला देते थे। जिससे आरोपियों को लगता था कि सामने वाकई में कोई लड़की है। इसके बाद आरोपी सामने वाले से कपड़े उतारने को कहते थे और जो लोग इस दौरान कपड़े उतारते थे। उसकी रिकार्डिंग भेजकर ब्लैकमेल करते थे। लोग घबराकर बदनामी के डर से आरोपियों को मुंहमांगी रकम भेज देते थे और आरोपी इस रकम को तुरंत बैंक खाते से निकालकर खर्च कर देते थे। 


70 लाख की ठगी कबूली : 
मामले में पकड़ा गया आरोपी वसीम केवल 12वीं पास है और हरियाणा में एक कियोस्क का संचालन करता है। पूछताछ में उसने पुलिस को बताया कि उसका दोस्त इस तरह ठगी करता था। जिससे सीखकर वह भी इस तरह से वारदातें करने लगा। वहीं पुरुषोत्तम और यादाराम ग्रेजुएट हैं। तीनों आरोपियों ने करीब 60 लाेगों से 70 लाख की ठगी करना कबूल किया है। 

भोपाल में रंगकर्मियों से हुए दो केस : 

केस 1 : 27 फरवरी को युवा रंगकर्मी मुन्ना तिवारी (34 साल) परिवर्तित नाम को एक दिन फेसबुक पर किसी लड़की की फ्रेंड रिक्वेस्ट आई। लड़की ने देर रात फेसबुक वीडियो कॉल किया। कॉल रिसीव करते ही सामने एक नग्न लड़की थी, जिसने मुन्ना से कपड़े उतारने को कहा। कपड़े उतारते ही थोड़ी देर बाद वीडियो कॉल बंद हो गया। जिसके बाद तुरंत मैसेंजर पर वीडियो अपलोड करते हुए मुन्ना से बड़ी रकम मांगी गई। इस दौरान मुन्ना ने हिम्मत दिखाते हुए कानूनी कार्रवाई करने की बात कही, जिसके तुरंत बाद फेसबुक आईडी डिलीट हो गई। हालांकि मुन्ना ने इसकी कोई एफआईआर नहीं की। 


केस 2 : भोपाल के वरिष्ठ रंगकर्मी और फिल्म अभिनेता रेहान आबिद अली को एक सप्ताह पहले फेसबुक पर किसी लड़की की फ्रेंड रिक्वेस्ट आई। वे कास्टिंग का काम भी करते हैं, उन्हें लगा शायद किसी लड़की ने प्रोफाइल भेजने के लिए रिक्वेस्ट भेजी है। एक्सेप्ट करते ही लड़की ने उनसे व्हाट्स एप नंबर मांगा। नंबर शेयर करते ही कॉल किया और उन्हें ब्लैकमेल करने की धमकी दी। रेहान इस दौरान घबराए नहीं उन्होंने तुरंत जालसाज को भांपते हुए पुलिस में इसकी कंप्लेंट की। साइबर पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए 6 दिन में ही गिरोह का भांडाफोड़ कर दिया।